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खुले में शौंच

open defecation या खुले में शौंच देश की एक बड़ी समस्या है | घर के आस-पास और इंदौर जैसे बड़े शहर में पढाई करने के कारण इस समस्या का सामना नहीं करना पढ़ा | न ही कभी प्रत्यक्ष रूप से देखा| तो मैं सिर्फ इसे हमेशा सफाई के नजरिए से देखती थी, मुझे लगता था खुले में शौंच में गदंगी फैलती है, जिससे हम बीमार पढ़ सकते है | और आगे का सोचा ही नहीं कभी | अपने काम के दौरान के महिला समाख्या प्रोग्राम की मुख्य सूत्रधार सहयोगिनी (क्षेत्रीय कार्यकर्त्ता) से इस विषय पर बात कर रही थी | महिला समाख्या कार्यक्रम के अंतर्गत सहयोगिनी (क्षेत्रीय कार्यकर्त्ता) गाँव में महिलाओं की बैठक करा कर उन्हें जागरूक करवाने का प्रयास करती है और महिलाओं को शिक्षा पर ध्यान देने, साफ-सफाई रहने, स्वास्थ्य रहने के लिय प्रोत्साहित भी करती है | प्रत्येक शनिवार को सहयोगिनी (क्षेत्रीय कार्यकर्त्ता) परिवर्तन परिसर में मिलती है इसमें उनकी क्षमता विकास के लिय गतिविधियाँ होती है साथ ही वे अपने सप्ताह भर के अनुभव को बताती है | पिछले कुछ दिनों से सहयोगिनी महिलाओं के साथ शौचालय की जरूरत और इसे बनाने पर बात-चीत कर रही थी |

राधा जी (बदला हुआ नाम), ग्राम-बलिया ने बताया की “शादी के बाद जब में ससुराल गई तो वहां शौचालय नहीं था | हमे शौचालय जाने के लिय रात के अधेरे का इंतजार करना पड़ता था, ताकि हम खेतो में जा सकें | शादी के कुछ ही दिन हुए थे की एक दिन मेरा पेट ख़राब हो गया और मुझे दिन मैं शौच के लिय जाने की जरूरत महसूस हुए | मैंने डरते-डरते अपनी सास से कहाँ तो पहले तो उन्हें मुझे बहुत सुनाया, की इतना खाने की जरूरत क्या थी, सोच समझ कर खाना चाहिय न आदि-आदि | फिर उन्होंने मुझसे नई साड़ी पहनने को कहाँ, उन्हेंने मेरे पैर में माहुर लगवाया, पूरी तरह से तैयार करके उन्होंने मेरे ससुर से बोला की मेहरारू (बहु) की तबियत ठीक नहीं, डॉक्टर के पास जा रहे है | फिर कही जा कर मैं अपनी सास के साथ घर से निकल पाई और सास मुझे डॉक्टर के पास नहीं जंगल ले गई | इस इस दिन के बाद मैंने अपने खाने में कटौती करना शुरू कर दिया, ताकि दिन में जाने की जरूरत न पढ़े |”

मुझे यह भी पता चला की कुछ एसे भी केस सामने आई है जिसमे शौच ले लिय गई लड़की एक लड़के ने जबरदस्ती करने की कोशिश की क्योकि लड़के के प्यार का इजहार करने पर लड़की ने मना कर दिया था | कई महिलाएं शर्म के कारण पानी नहीं ले जाती थी और गन्दगी के कारण कई इन्फेक्शन और बीमारी हो जाती है |

मैं उम्मीद करती हूँ की मोदी जी का स्वच्छ भारत मिशन जल्द ही कामियाब हो | इसमें गन्दगी तो दूर हो साथ ही महिलओं को होने वाली इस समस्या का समाधान भी हो सकें |

Shubhi Jain

2016 fellow, placed with Parivartan in Siwan, Bihar as part of her fellowship. Working on design and pilot of a training program for adolescent girls on gender, healthcare and violence.

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